2 Grenades Found in Nalagarh, Couple Arrestedसोलन/बीबीएन: नालागढ़ के माजरा-दियोली गांव में एक सामान्य लड़ाई-झगड़े की शिकायत की जांच उस समय गंभीर मामले में बदल गई, जब पुलिस को जांच के दौरान ग्रेनेड बरामद हुए। पुलिस ने इस मामले में आरोपी पति-पत्नी को गिरफ्तार किया है। मुख्य आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने एक और ग्रेनेड बरामद किया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए बद्दी पुलिस ने विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया है। वहीं, केंद्रीय जांच और खुफिया एजेंसियां भी मामले से जुड़े इनपुट जुटाने में लगी हैं।
जानकारी के अनुसार, कुछ दिन पहले माजरा-दियोली क्षेत्र में लड़ाई-झगड़े को लेकर पुलिस को शिकायत मिली थी। शिकायत के आधार पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। इसी दौरान पुलिस को एक ग्रेनेड बरामद हुआ।
ग्रेनेड मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच का दायरा बढ़ाया और मुख्य आरोपी रशीद मोहम्मद उर्फ बाऊ, निवासी गांव माजरा, बरूणा, नालागढ़ को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी से पूछताछ शुरू की और उसके द्वारा दी गई जानकारी के आधार पर आगे की बरामदगी की गई।
पूछताछ के दौरान पुलिस को आरोपी के पास एक से अधिक ग्रेनेड होने की जानकारी मिली। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने पहले एक अन्य स्थान से ग्रेनेड बरामद किया। इसके बाद उसके घर के साथ लगते खेत में भी तलाशी अभियान चलाया गया, जहां से एक और ग्रेनेड बरामद हुआ।
इस तरह जांच के दौरान पुलिस के हाथ कुल दो ग्रेनेड लगे। विस्फोटक सामग्री मिलने के बाद इलाके में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई और मौके पर बम निरोधक दस्ते को बुलाया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पंजाब पुलिस के बम निरोधक दस्ते को मौके पर बुलाया गया। टीम ने सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए बरामद दोनों ग्रेनेड को सुरक्षित तरीके से डिस्पोज कर दिया। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि ये ग्रेनेड आरोपियों तक कैसे पहुंचे और इन्हें कहां से हासिल किया गया था।
पुलिस ने मामले में मुख्य आरोपी रशीद मोहम्मद को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया। अदालत ने उसे 5 अक्टूबर तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस रिमांड के दौरान उससे ग्रेनेड की बरामदगी, इनके स्रोत और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं को लेकर पूछताछ की जा रही है।
जांच के दौरान आरोपी की पत्नी किरना को भी गिरफ्तार किया गया है। उसे अदालत में पेश कर पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इस मामले में पत्नी की भूमिका क्या रही और क्या उसे विस्फोटक सामग्री के बारे में जानकारी थी।
पुलिस मुख्य आरोपी रशीद मोहम्मद के पिछले आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है। जांच एजेंसियां उसके पुराने मामलों, संपर्कों और गतिविधियों से संबंधित जानकारी जुटा रही हैं। इसके अलावा पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी के संपर्क में कौन-कौन लोग थे और क्या बरामद ग्रेनेड किसी बड़े नेटवर्क से जुड़े हो सकते हैं।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एसपी बद्दी ने विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया है। SIT मामले के विभिन्न पहलुओं की जांच करेगी और पुलिस की अलग-अलग टीमों से प्राप्त जानकारी को एकत्र कर आगे की कार्रवाई करेगी।
जांच टीम का मुख्य फोकस ग्रेनेड की बरामदगी के स्रोत, आरोपियों के संपर्कों और उनके पास विस्फोटक सामग्री पहुंचने की परिस्थितियों का पता लगाने पर है।
ग्रेनेड बरामद होने के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्रीय एजेंसियों की भी सक्रियता बढ़ गई है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) और इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) मामले से संबंधित इनपुट जुटा रही हैं।
केंद्रीय एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि बरामद ग्रेनेड आरोपियों तक किस माध्यम से पहुंचे। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि क्या इस मामले के तार किसी बड़े आपराधिक या अन्य नेटवर्क से जुड़े हैं।
हालांकि, जांच पूरी होने से पहले मामले में किसी आतंकी नेटवर्क या बड़े आपराधिक गिरोह की संलिप्तता को लेकर कोई निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगी। पुलिस और केंद्रीय एजेंसियां सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ा रही हैं।
माजरा-दियोली में ग्रेनेड मिलने के बाद पुलिस अब पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। शुरुआत एक लड़ाई-झगड़े की शिकायत से हुई थी, लेकिन जांच के दौरान विस्फोटक सामग्री मिलने से मामला संवेदनशील हो गया।
पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी के पास ग्रेनेड कितने समय से थे, उन्हें कहां से हासिल किया गया और इन्हें रखने के पीछे क्या उद्देश्य था। इसके अलावा आरोपियों के मोबाइल फोन, संपर्कों और अन्य संभावित सुरागों की भी जांच की जा सकती है।
फिलहाल आरोपी पति पुलिस रिमांड पर है, जबकि आरोपी पत्नी को अदालत में पेश किए जाने के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है। पुलिस और केंद्रीय एजेंसियों की जांच पूरी होने के बाद ही मामले से जुड़े अन्य तथ्यों का खुलासा हो सकेगा।
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Ut elit tellus, luctus nec ullamcorper mattis, pulvinar dapibus leo.
No Comments